RAID Full Form -RAID का Full फॉर्म क्या है? पूरी जानकारी

RAID का Full फॉर्म क्या है

RAID Full Form क्या है ?

RAID Full Form रिडन्डेंट अरे ऑफ इंडिपेंडेंट डिस्क (Redundant Array Of Independent Disks) है जिसको हिंदी में स्वतंत्र डिस्क की निरर्थक सारणी भी कहा जाता है। यहां आपकी जानकारी के लिए बता दें कि यह एक डाटा स्टोरेज की वर्चुअलाईज़ेशन तकनीक है। साथ ही यह भी जान लीजिए कि यह एक ही डाटा को कई हार्ड डिस्क में अलग-अलग स्थानों पर स्टोर करने की अनुमति देता है।

RAID  को किसने बनाया था ?

RAID तकनीक को कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी k3 शोधकर्ताओं ने 1987 में बनाया था जिनका नाम है पैटरसन, गिब्सन और काट्ज। इस तरह यह खोजा गया कि डिस्क के बीच डाटा को कैसे साझा किया जा सकता है।

RAID के कार्य क्या क्या है ?

इसके माध्यम से आप अपने डेटा को सुरक्षित कर सकते हैं क्योंकि यह कई डिस्क में आपके डाटा को कॉपी कर लेता है इसलिए यदि कभी आपका डाटा किसी एक डिस्क से उड़ जाता है या विफल हो जाता है तो आप इसके कॉपी किए हुए डाटा को यूज कर सकते हैं। इसीलिए अगर आप चाहते हैं कि डिस्क के दौरान डाटा हानि से बचा रहे तो इसके लिए आप डाटा को कई डिस्क में कॉपी RAID की सहायता से कर सकते हैं।

RAID के कितने प्रकार हैं ?

RAID के एक नहीं बहुत सारे प्रकार है जिनकी सहायता से आप अपना डाटा संग्रहित कर सकते हैं। निम्नलिखित हम आपको RAID यह सभी प्रकारों के बारे में विस्तृत जानकारी दे रहे हैं जो कि इस प्रकार से है-

RAID O

इसके अंदर डाटा को डिस्क के सेट में विभाजित करने के लिए स्टोरेज होता है। यहां बता दें कि RAID O बनाने के लिए एक ही आकार के डिस्क का प्रयोग किया जाता है।

RAID 1

इसका कार्य डिस्क पर जो जानकारी संग्रहित होती है उसको डुप्लीकेट करना होता है। डाटा संग्रह करने की इस विधि को प्रतिबिंब विधि भी कहा जाता है। इस तरह से अगर आपकी डिस्क में किसी एक में किसी प्रकार की कोई समस्या है तो आपका डाटा दूसरे पर स्टोर हो जाता है।

RAID 2

यह स्तर काफी अधिक प्रचलित है क्योंकि इसमें हैमिंग कोड के द्वारा त्रुटियों पर सुधार किया जाता है। यहां बता दें कि इस तकनीक के माध्यम से ही डाटा संग्रहित होता है। RAID 2 डाटा को उच्च स्तर की सुरक्षा भी प्रदान करता है।

RAID 3

इसके अंतर्गत डेटा को डिस्क पर बाइट्स के रूप में संग्रहित किया जाता है। अगर किसी डिस्क में से एक डाटा खराब हो जाता है तो फिर दूसरी डिस्क से उस डाटा को दोबारा उन्हें निर्मित किया जाना संभव होता है। लेकिन यहां इस बात का ध्यान रखें कि अगर एक साथ दो डिस्क विफल हो जाते हैं तो फिर डाटा का रिकवर होना मुश्किल बल्कि असंभव होगा।

RAID 4

यह RAID 3 के ही जैसा है। लेकिन इसमें डाटा को ब्लॉक में संग्रहित किया जाता है। यहां आपको बता दें कि इसका RAID 3 की तुलना में इंटरलॉकिंग अलग है जिसमें आपको किसी भी छोटी संख्या को पढ़ने के लिए बहुत सारे भौतिक पाठ्यक्रम तक पहुंचने की जरूरत नहीं होती।

RAID 5

यह RAID 4 के स्तर के जैसा है यानी कि यहां पर समता की गणना एक क्षेत्र पर ही की जा सकती है। इस प्रकार यह डाटा की पहुंच में बहुत अधिक सुधार करता है।

RAID 6

RAID 6 दो समता कार्यों के उपयोग को डिस्क पर भंडारित करता है। इस तरह से यह दो डिस्क के एक साथ विफल होने की परिस्थिति में बहुतायत की गारंटी देता है यानी कि RAID 4 को अगर आप स्थापित करना चाहते हैं तो उसके लिए कम से कम 6 डिस्क की आपको जरूरत होगी।

तो दोस्तों यह था हमारा आज का आर्टिकल जिसमें हमने आपको बताया RAID Full Form क्या होता है और हमने आपको इसमें यह भी जानकारी दी कि इसको किसने बनाया है। इसके अलावा हमने आपको RAID के कार्यों के बारे में भी बताया और साथ ही हमने आपको यह भी जानकारी दी कि इसके कितने स्तर है। हमें पूरी आशा है कि यह आर्टिकल आपके लिए हेल्पफुल रहा होगा। साथ ही हमारा आपसे निवेदन है कि इस आर्टिकल को सोशल मीडिया पर शेयर करें।

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