फैशन डिजाइनिंग कोर्स (Fashion Designing Course) कैसे करें

इस पोस्ट के माध्यम से आज हम बताएंगे फैशन डिजाइनिंग कोर्स (Fashion Designing Course) कैसे करें पूरी जानकारी?| How to do Fashion Designing Course full information in Hindi,| Fashion designing course in Hindi full information? फैशन डिजाइनिंग उन छात्रों के लिए बेहतरीन कैरियर विकल्प साबित हो सकता है जिनमें काफी अधिक क्रिएटिविटी होती है। अगर आप इस क्षेत्र में जाना चाहते हैं तो आपके लिए जरूरी है कि आपको इस फील्ड के बारे में सारी अनिवार्य बातें पता होनी चाहिए। परंतु यदि आपको इसके बारे में  जानकारी नहीं है तो आप हमारे आज के इस लेख को सारा जरूर पढ़ें और जानें कि आप किस प्रकार से फैशन डिजाइनिंग के क्षेत्र में जा सकते हैं।

फैशन डिजाइनिंग कोर्स (Fashion Designing Course) कैसे करें
फैशन डिजाइनिंग कोर्स (Fashion Designing Course) कैसे करें

फैशन डिजाइनिंग क्या है (What is Fashion Designing in Hindi)

फैशन डिजाइनिंग एक बहुत ही ज्यादा जानी मानी और पॉपुलर इंडस्ट्री है इसमें अगर किसी कैंडिडेट को काम करना होता है तो उसे सबसे पहले फैशन डिजाइनिंग कोर्स करना होगा। इस कोर्स में यह सिखाया जाता है कि विभिन्न प्रकार के कपड़ों की डिजाइनिंग करके उन्हें किस प्रकार से खूबसूरत बना सकते हैं। आज के मॉडर्न और आधुनिक समय में हर इंसान यह चाहता है कि वह बहुत ही सुंदर कपड़े पहनें जिससे कि दूसरे लोग उससे इंप्रेस हो सकें परंतु यह संभव नहीं है कि हर इंसान अपने लिए कपड़े खुद डिजाइन कर ले क्योंकि ऐसा केवल वही व्यक्ति कर सकता है जिसमें कौशल और क्रिएटिविटी होती है। इस प्रकार लोगों के कपड़ों की डिजाइनिंग का काम फैशन डिजाइनर करता है।

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फैशन डिजाइनिंग कोर्स के लिए प्रवेश परीक्षा (Fashion Designing Course Entrance Exam)

हमारे देश भारत में ऐसे बहुत सारे इंस्टिट्यूट है जहां पर फैशन डिजाइनिंग कोर्स करवाया जाता है और अगर छात्र को किसी और टॉप के इंस्टीट्यूट से अपना फैशन डिजाइनिंग कोर्स करना है तो तब उसे प्रवेश परीक्षा में भाग लेना होगा जैसे कि –

  • गेट एग्जाम (GAT Exam)
  • कैट एग्जाम (CAT Exam)
  • जीडी एग्जाम (GD Exam)
  • पीआई एग्जाम (PI Exam)

फैशन डिजाइनिंग कोर्स के लिए योग्यता (Fashion Designing Course Eligibility)

  • कैंडीडेट ने किसी भी मान्यता प्राप्त संस्थान से 12वीं कक्षा पास हो।
  • यह अनिवार्य है कि उम्मीदवार ने 12वीं कक्षा में 50 परसेंट मार्क्स प्राप्त किए हो।
  • यदि कोई छात्र पोस्ट ग्रेजुएशन कोर्स करना चाहता है तो यह आवश्यक है कि उसने किसी भी विषय में ग्रेजुएशन की हो।

फैशन डिजाइनिंग कोर्स फीस (Fashion Designing Course Fees)

फैशन डिजाइनिंग कोर्स करने के लिए कैंडिडेट को फीस इंस्टिट्यूट के अनुसार देनी होती है जैसे कि यदि कैंडिडेट किसी बड़े शहर से और किसी प्रतिष्ठित संस्थान से अपना कोर्स करेगा तो तब उसे ज्यादा फीस देनी होगी जो कि लगभग एक लाख से लेकर 5 लाख रुपए के बीच में हो सकती है। लेकिन कुछ ऐसे संस्थान भी है जहां से फैशन डिजाइनिंग का कोर्स 20,000 से लेकर 50,000 रुपए तक के बीच में किया जा सकता है।

भारत में फैशन डिजाइनिंग कोर्स के लिए कॉलेज (Fashion Designing Course in India)

  • वॉग इंस्टीट्यूट आफ फैशन टेक्नोलॉजी बेंगलुरू
  • एमिटी स्कूल ऑफ़ फैशन टेक्नोलॉजी नोएडा
  • सिंबोसिस इंस्टीट्यूट आफ डिजाइन पुणे
  • नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ फैशन टेक्नोलॉजी पटना
  • नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ फैशन टेक्नोलॉजी चेन्नई
  • पर्ल अकैडमी ऑफ़ फैशन जयपुर
  • पर्ल अकैडमी ऑफ़ फैशन दिल्ली
  • नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ फैशन टेक्नोलॉजी (निफ्ट) मुंबई
  • नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ फैशन टेक्नोलॉजी (निफ्ट) न्यू दिल्ली

फैशन डिजाइनिंग कोर्स का सिलेबस (Fashion Designing Course Syllabus)

फैशन डिजाइनिंग का कोर्स छात्रों से अलग-अलग फॉर्मेट में इच्छा अनुसार पसंदीदा कोर्स में करवाया जाता है जैसे कि सर्टिफिकेट, डिप्लोमा, डिग्री। इसलिए इसका सिलेबस अलग अलग रखा गया है जैसे कि –

पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा इन फैशन डिजाइनिंग सिलेबस (Post Graduate Diploma in Fashion Designing Syllabus)

  • प्रेजेंटेशन एंड टेक्निक्स (Presentation and techniques)
  • फैशन डिजाइनिंग प्रोसेस (Function designing process)
  • फैशन फंक्शन (Fashion function)
  • कॉन्टेक्सचुअल डिजाइन (Contextual design)

3 वर्षीय फैशन डिजाइनिंग कोर्स सिलेबस (3 years Fashion Designing Course Syllabus)

  • फाउंडेशन आर्ट्स (Foundation arts)
  • इंट्रोडक्शन ऑफ फैशन डिजाइन (Introduction of fashion design)
  • इंट्रोडक्शन ऑफ टेक्सटाइल (Introduction of textile)
  • बेसिक ऑफ कंप्यूटर एंड एप्लीकेशन (Basics of computer and application)
  • इंट्रोडक्शन ऑफ पेटर्न मेकिंग (Introduction of pattern making)
  • एंटीसिपेटिंग ट्रेंड्स (Anticipating trends)
  • द फैशन सिस्टम (The fashion system)
  • हिस्ट्री ऑफ आर्ट एंड कॉस्टयूम हिस्ट्री (History of art and costume history)
  • पेटर्न मेकिंग (Pattern making)
  • फैब्रिक्स एंड रॉ मैटेरियल्स (Fabrics and Raw materials)
  • डिजाइन ऑफ क्लॉथ्स (Design of clothes)
  • प्रोडक्ट डेवलपमेंट (Product development)
  • फैशन डिजाइन (Fashion design)
  • कलेक्शन कॉलेज (Collection college)
  • मार्केटिंग एंड रिसर्च (Marketing and research)

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फैशन डिजाइनिंग डिप्लोमा कोर्स सिलेबस (Fashion Designing Diploma Course Syllabus)

  • फैशन एसेसरीज (Fashion accessories)
  • फैशन इलस्ट्रेशन (fashion illustration)
  • फैशन ऑर्र्नामेंटेशन (fashion ornamentation)
  • टेक्सटाइल साइंस (Textile science)
  • फैशन मार्केट (Fashion market)
  • फैशन मैनेजमेंट (Fashion management)
  • कंप्यूटर डिजाइन (Computer design)
  • प्रोडक्ट स्पेसिफिकेशन (Product specification)
  • ड्राइंग एंड टेक्निकल स्पेसिफिकेशन (Drawing and technical specification)
  • फैशन ट्रेंड्स (Fashion trends)
  • कलेक्शन प्लानिंग (Collection planning)
  • फैशन डिजिटल डिजाइन (Fashion digital design)
  • प्रोटोटाइप क्रिएशन (Prototype creation)
  • पैटर्न प्रोडक्ट एंड डेवलपमेंट (Pattern product and development)
  • कैड (CAD)
  • फैब्रिक कटिंग एंड मार्केटिंग मेथड्स (Fabric cutting and marketing methods)
  • फैब्रिक एनालिसिस (Fabric Analysis)
  • यूजिंग ऑटोमेटिक स्विंग एंड आईरनिंग मशीन (Using automatic swing and ironing machine)

फैशन डिजाइनिंग सर्टिफिकेट कोर्स सिलेबस (Designing Certificate Course Syllabus)

  • फैशन इमेज एनालिसिस (Fashion image analysis)
  • स्टाइलिंग टू सूट वेरियस फैशन (Styling to suit various fashion)
  • स्टाइलिंग बॉडी टाइप्स (Styling body types)
  • ट्रेंड्स (Trends)
  • मार्केट (Market)
  • स्ट्रीट स्टाइल (Street style)
  • स्टाइल किट (Style kit)
  • टीम वर्क (Teamwork)
  • प्रोजेक्ट मैनेजमेंट (Project management)

फैशन डिजाइनिंग कोर्स के बाद कैरियर संभावनाएं (Career Opportunity after Fashion Designing Course)

फैशन डिजाइनिंग कोर्स करने के बाद एक फैशन डिजाइनर को विभिन्न प्रकार की नौकरी करने के अवसर मिलते हैं जैसे कि-

  • फैशन डिज़ाइनर असिस्टेंट (Fashion designer assistant)
  • फैशन मॉडलिंग (Fashion modelling)
  • फैशन फोटोग्राफी (Fashion photography)
  • फैशन जर्नलिस्ट (Fashion journalist)
  • क्वालिटी कंट्रोलर (Quality controller)
  • फैशन कांसेप्ट मैनेजर (Fashion concept manager)
  • फैशन टैक्सटाइल डिजाइनर एवं फैशन फैब्रिक डिजाइनर (Fashion textile designer and fashion fabric designer)
  • फैशन स्टाइलिस्ट (Fashion stylist)
  • फैशन कोआर्डिनेटर (Fashion co-ordinator)
  • फैशन डिजाइनर (Fashion manager)

फैशन डिजाइनिंग कोर्स के बाद वेतन (Salary after Fashion Designing Course)

अब कोई कैंडिडेट फैशन डिजाइनिंग कोर्स पूरा कर लेता है तो उसको शुरुआत में ही काफी आकर्षक वेतन मिल जाता है जो कि 15,000 से लेकर 30,000 तक के बीच में हो सकता है। इस प्रकार जब कैंडिडेट को थोड़ा सा अनुभव हो जाता है तो तब उसका वेतन और भी अधिक हो जाता है

निष्कर्ष

इस पोस्ट में हमने बताया कि फैशन डिजाइनिंग कोर्स (Fashion Designing Course) कैसे करें पूरी जानकारी?| How to do Fashion Designing Course full information in Hindi,| Fashion designing course in Hindi full information? इसके अलावा सभी महत्वपूर्ण बातें बताएं जैसे कि –

  • फैशन डिजाइनिंग क्या है (what is fashion designing in Hindi)
  • फैशन डिजाइनिंग कोर्स के लिए प्रवेश परीक्षा (fashion designing course entrance exam)
  • फैशन डिजाइनिंग कोर्स के लिए योग्यता (Fashion Designing Course Eligibility)
  • फैशन डिजाइनिंग कोर्स फीस (Fashion Designing Course Fees)
  •  भारत में फैशन डिजाइनिंग कोर्स के लिए कॉलेज (fashion designing course in India)
  • फैशन डिजाइनिंग कोर्स का सिलेबस (fashion designing course syllabus)
  • फैशन डिजाइनिंग सर्टिफिकेट कोर्स सिलेबस (designing certificate course syllabus)
  • फैशन डिजाइनिंग कोर्स के बाद कैरियर संभावनाएं (career opportunity after fashion designing course)
  • फैशन डिजाइनिंग कोर्स के बाद वेतन (salary after fashion designing course)

FAQ

Q: फैशन डिजाइनिंग कोर्स करने के लिए कैंडिडेट में कितनी योग्यता होनी चाहिए?

Ans: इसके लिए कैंडिडेट का बारहवीं कक्षा पास होना जरूरी है और यदि कैंडिडेट को पोस्ट ग्रेजुएशन कोर्स करना है तो तब वह ग्रेजुएट होना चाहिए।

Q: फैशन डिजाइनिंग कोर्स की अवधि कितनी होती है?

Ans: फैशन डिजाइनिंग कोर्स की अवधि अलग-अलग होती है जैसे कि डिग्री कोर्स 3 साल का होता है तो वही डिप्लोमा कोर्स 1 साल तक का होता है। इसके अलावा यदि छात्र को सर्टिफिकेट कोर्स करना है तो वह 6 महीने तक का हो सकता है।

Q: फैशन डिजाइनिंग कोर्स करने के फायदे क्या क्या हैं?

Ans: फैशन डिजाइनिंग कोर्स करने के अनेकों फायदे हैं जैसे कि फैशन सेंटर खोला जा सकता है, अपने कपड़े डिजाइन कर सकता है। कैंडिडेट विभिन्न फैशन कंपनियों के साथ काम कर सकता है।

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